37वें दिन भी धरने पर डटे रहे नर्सिंग बेरोजगार
आज की बैठक में तय होगी आंदोलन की अगली दिशा
देहरादून।
एकता बिहार में अपनी जायज़ मांगों को लेकर चल रहा शांतिपूर्ण धरना रविवार को लगातार 37वें दिन भी जारी रहा। धरना स्थल पर पूरे दिन शांति और अनुशासन बना रहा, लेकिन शासन-प्रशासन की ओर से अब तक किसी भी प्रतिनिधि के न पहुँचने से आंदोलनकारियों में निराशा और आक्रोश देखने को मिला।
मंच का कहना है कि वें बीतें कई दिनों से लोकतांत्रिक और अहिंसक तरीके से अपनी मांगें शासन के समक्ष रख रहे हैं, बावजूद इसके अब तक संवाद की कोई ठोस पहल नहीं की गई है। आंदोलनकारियों का मानना है कि लगातार अनदेखी से समस्याएं और अधिक जटिल होती जा रही हैं।
प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि शीघ्र ही सरकार की ओर से बातचीत की प्रक्रिया शुरू नहीं की गई तो आंदोलन को और व्यापक रूप देने पर गंभीरता से विचार किया जाएगा। उन्होंने दोहराया कि उनका उद्देश्य समाधान निकालना है, न कि किसी तरह का टकराव।
आंदोलन की आगामी रणनीति तय करने के लिए रविवार को धरना स्थल एकता बिहार में एक अहम बैठक आयोजित की जाएगी, जिसमें आंदोलन की आगे की दिशा पर निर्णय लिया जाएगा।
धरना स्थल पर नवल पुंडीर, प्रवेश रावत, मुकेश रमोला, लक्ष्मी कठेत, प्रीति सिंह, प्रिया, उपेंद्र, सुषमा, लता, दिव्या, नीमा सहित कई अन्य लोग मौजूद रहे।
