देहरादून आईटी पार्क भूमि आवंटन में ₹4,000 करोड़ का महाघोटाला, दस्तावेज गायब : थापर
देहरादून।
सहस्त्रधारा रोड स्थित उत्तराखंड के सबसे बड़े आई टी पार्क की करीब 98.5 एकड़ सरकारी भूमि (लगभग ₹4,000 करोड़ मूल्य) के आवंटन में बड़े घोटाले की आशंका जताई गई है। इसको लेकर वरिष्ठ कांग्रेस नेता व अधिवक्ता अभिनव थापर ने दस्तावेजों सहित प्रेस वार्ता कर गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया।
थापर ने बताया कि उन्होंने 2023 से आर टी आई के तहत फाइलें, नोटशीट व स्वीकृति आदेश मांगे, लेकिन 2 साल बाद भी जानकारी नहीं मिली। पहली अपील में भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। सिडकुल की तरफ से 30.मई व 31मई के पत्रों में कहा गया कि आई टी पार्क से संबंधित पत्रावली उपलब्ध ही नहीं है।
मुख्य सूचना आयुक्त के समक्ष दूसरी अपील में सुनवाई के दौरान भी सिडकुल ने फाइल को दो वर्ष तक ‘अप्राप्य’ बताया। 05 अगस्त 2025 को आयोग ने एफ आई आर के आदेश दिए, जिसके बाद हैरान करने वाली बात यह रही कि वही फाइल अचानक “ट्रेस” हो गई।
फिर भी 16 सितंबर 2025 को दिए गए आदेश अनुसार प्रमाणित दस्तावेज आज तक उपलब्ध नहीं कराए गए।
थापर का कहना है कि जमीन आवंटन में कंपनियों को अनुचित लाभ पहुंचाने की आशंका है और फाइल दबाने से बड़ा घोटाला साफ झलकता है।
उन्होंने मांग की कि आर टी आई आदेश न मानने वाले अधिकारियों पर तत्काल एफ आई आर दर्ज की जाए और उच्च स्तरीय जांच बैठाई जाए। कहा कि कांग्रेस इस मामले को जनता के बीच जोरदार तरीके से उठाएगी।
प्रेस वार्ता में कर्नल रामरतन नेगी, पार्षद कोमल वोहरा, शीशपाल बिष्ट, मोहन काला, अरुण बलूनी समेत कई कांग्रेसजन मौजूद रहे।
