यू ओ यू के कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहनी जी ने पत्रकारिता विद्यार्थियों को प्रदान किये शोध कार्यशाला के प्रमाणपत्र
देहरादून
उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय (UOU) के देहरादून परिसर में चार दिवसीय शोध कार्यशाला (Research Workshop) का सफल आयोजन किया गया। कार्यशाला के समापन अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर नवीन चंद्र लोहनी ने प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र वितरित किए और उन्हें भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।

प्रो. लोहनी ने अपने संबोधन में कहा कि “शोध किसी भी विषय की आत्मा है। गुणवत्तापूर्ण अनुसंधान न केवल अकादमिक जगत को समृद्ध करता है, बल्कि समाज के विकास में भी अहम योगदान देता है।” उन्होंने विद्यार्थियों को निरंतर सीखने और शोध के प्रति जिज्ञासु बने रहने का संदेश दिया।

यह कार्यशाला पत्रकारिता एवं मीडिया अध्ययन विद्याशाखा के निदेशक प्रो. (डॉ.) राकेश चंद्र रयाल के निर्देशन में आयोजित की गई। चार दिनों तक चले इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में देश के विभिन्न शिक्षण संस्थानों से आए विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को अनुसंधान पद्धति, डाटा विश्लेषण और रिपोर्ट लेखन की नवीन तकनीकों की जानकारी दी।

पहले दिन डॉ. गोविंद सिंह (पूर्व निदेशक, उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय एवं IIMC दिल्ली) और डॉ. रचना शर्मा (IIMC दिल्ली) ने शोध की बुनियादी अवधारणाओं पर मार्गदर्शन दिया। दूसरे दिन प्रो. (डॉ.) सुभाष थडेली और डॉ. भावना डोभाल ने व्यावहारिक अनुसंधान विधियों पर चर्चा की।
तीसरे दिन डॉ. नितिन कुमार (दून विश्वविद्यालय) और डॉ. चेतन भट्ट (जिज्ञासा विश्वविद्यालय, देहरादून) ने डेटा विश्लेषण और रिपोर्ट लेखन पर प्रशिक्षण दिया। कार्यशाला के अंतिम दिन वरिष्ठ पत्रकार डॉ. अजय ढोडियाल ने पत्रकारिता में शोध की प्रासंगिकता पर विशेष सत्र लिया।

कार्यशाला में राज्य के विभिन्न शहरों से आए एम.ए. पत्रकारिता एवं जनसंचार (MAJMC) के चौथे सेमेस्टर के विद्यार्थियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों ने कहा कि इस कार्यशाला से उन्हें शोध के व्यावहारिक पहलुओं की गहन समझ मिली।
