एनटीपीसी तपोवन में स्वच्छता पखवाड़ा-2026 का जनभागीदारीपूर्ण समापन
जोशीमठ।
एन टी पी सी लिमिटेड की तपोवन-विष्णुगाड जलविद्युत परियोजना में 16 से 31 मई तक स्वच्छता पखवाड़ा-2026 का सफल एवं व्यापक जनभागीदारी के साथ आयोजन किया गया। अभियान का उद्देश्य स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना, स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करना तथा समाज के विभिन्न वर्गों को स्वच्छता अभियान से जोड़ना था।
कार्यकारी निदेशक एवं परियोजना प्रमुख अजय कुमार शुक्ला के नेतृत्व में आयोजित पखवाड़े का शुभारंभ स्वच्छता शपथ ग्रहण समारोह से हुआ। इसमें कर्मचारियों, सीआईएसएफ जवानों, परिवारजनों, बच्चों तथा स्थानीय विद्यालयों के विद्यार्थियों और शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
पखवाड़े के दौरान परियोजना परिसर, आवासीय क्षेत्रों एवं सार्वजनिक स्थलों पर विशेष स्वच्छता अभियान चलाए गए। साथ ही स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, अपशिष्ट प्रबंधन एवं सतत विकास से जुड़े विषयों पर विभिन्न प्रतियोगिताओं और जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। परियोजना के चिकित्सा विभाग के डॉ. दलवीर सिंह ने सहयोगी कर्मचारियों के लिए व्यक्तिगत स्वच्छता, स्वस्थ आदतों, कचरा पृथक्करण और सुरक्षित अपशिष्ट निस्तारण पर विशेष सत्र आयोजित किए।
सीआईएसएफ कर्मियों ने गढ़ी भवानी मंदिर में विशेष सफाई अभियान चलाया, जबकि कर्मचारियों के परिजनों और बच्चों ने भी सक्रिय सहभागिता निभाई। सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से राजकीय इंटर कॉलेज बड़ागांव में स्वच्छता शपथ, सफाई अभियान, निबंध, चित्रकला एवं पोस्टर प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में ग्राम प्रधान वीणा देवी, उपप्रधानाचार्य विक्रम सिंह बिष्ट सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
समापन समारोह में विद्यार्थियों को स्टेशनरी सामग्री एवं जलपान वितरित किया गया। इस अवसर पर कार्यकारी निदेशक एवं परियोजना प्रमुख अजय कुमार शुक्ला ने विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित करते हुए कहा कि स्वच्छता संबंधी कार्यक्रम तभी सार्थक होते हैं जब उन्हें दैनिक जीवन में अपनाया जाए।
अपर महाप्रबंधक (मानव संसाधन) सुगाता दासगुप्ता ने सभी प्रतिभागियों एवं सहयोगी संस्थाओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि स्वच्छता केवल एक अभियान नहीं, बल्कि जीवनशैली का हिस्सा बननी चाहिए।
स्वच्छता पखवाड़ा-2026 ने “स्वच्छता में सबकी सहभागिता” के संदेश को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाते हुए सामाजिक जागरूकता, सामुदायिक उत्तरदायित्व और जनभागीदारी का प्रेरक उदाहरण प्रस्तुत किया तथा स्वच्छ भारत के संकल्प को मजबूती प्रदान की।